
महिलाओं को आत्मनिर्भर बना रही मातृशक्ति उद्यमिता योजना
सरकार पात्र महिलाओं को उपलब्ध करवा रही 5 लाख रुपये तक का ऋण,
7 प्रतिशत ब्याज अनुदान का भी मिलेगा लाभ
जींद : हरियाणा सरकार महिलाओं को आर्थिक एवं सामाजिक रूप से सशक्त तथा आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से हरियाणा मातृशक्ति उद्यमिता योजना का संचालन कर रही है। इस योजना के तहत पात्र महिलाओं को बैंकों के माध्यम से 5 लाख रुपये तक का ऋण उपलब्ध करवाया जा रहा है। उपायुक्त मोहम्मद इमरान रजा ने बताया कि प्रदेश सरकार द्वारा हरियाणा महिला विकास निगम के माध्यम से यह योजना चलाई जा रही है। योजना के तहत डेयरी, उद्योग विभाग की सभी स्वरोजगार गतिविधियां शामिल की गई हैं।
उन्होंने बताया कि इन गतिविधियों में यातायात सेवाओं के तहत ऑटो रिक्शा, छोटा सामान ढोने वाले वाहन, थ्री-व्हीलर, ई-रिक्शा, टैक्सी आदि शामिल हैं। इसके अलावा सामाजिक एवं व्यक्तिगत सेवा गतिविधियों के तहत सैलून, ब्यूटी पार्लर, टेलरिंग, बुटीक, फोटोस्टेट की दुकान, पापड़ बनाना, अचार बनाना, हलवाई की दुकान, फूड स्टॉल, आइसक्रीम निर्माण इकाई, बिस्कुट निर्माण, टिफिन सर्विस तथा मिट्टी के बर्तन बनाने जैसे कार्य शुरू किए जा सकते हैं।
उन्होंने बताया कि योजना का लाभ लेने के लिए महिला हरियाणा की स्थायी निवासी होनी चाहिए तथा परिवार की वार्षिक आय 5 लाख रुपये से कम होनी चाहिए। ऋण के लिए आवेदन के समय महिला उद्यमी की आयु 18 से 60 वर्ष के बीच होना आवश्यक है। साथ ही आवेदक किसी पूर्व ऋण की डिफाल्टर नहीं होनी चाहिए। योजना के तहत समय पर ऋण की किस्त जमा करवाने पर तीन वर्षों तक 7 प्रतिशत ब्याज अनुदान राशि हरियाणा महिला विकास निगम के माध्यम से प्रदान की जाएगी।
योजना का लाभ लेने के लिए आवेदन पत्र के साथ परिवार पहचान पत्र, आधार कार्ड, पासपोर्ट साइज फोटो, प्रोजेक्ट रिपोर्ट, प्रशिक्षण प्रमाण पत्र अथवा अनुभव प्रमाण पत्र सहित सभी आवश्यक दस्तावेजों की दो-दो प्रतियां संलग्न करनी होंगी। आवेदन करने के लिए हरियाणा महिला विकास निगम के जिला कार्यालय में संपर्क करें।









